सचिव, हिमाचल प्रदेश राज्य रेडक्रॉस सोसायटी पी.सी.राणा ने आज यहां बताया कि शिमला में जलवायु परिवर्तन सम्बन्धी तीन दिवसीय प्रशिक्षण शिविर आरम्भ किया गया। शिविर का मुख्य उद्देश्य जलवायु परिवर्तन के प्रभाव को कम करने के उपायों बारे जागरूकता लाना है।
उन्होंने कहा कि हिमाचल प्रदेश राज्य रेडक्रॉस सोसायटी द्वारा 29 अप्रैल से 1 मई, 2019 तक राज्य रेडक्रॉस भवन शिमला-2 में आयोजित किया जा रहा है जिसमें तीन जिलों कांगड़ा, शिमला व मण्डी की ग्राम पंचायतों क्रमशः गंदड़, गोपालपुर व मण्डी से कुल 30 प्रतिभागी भाग ले रहे हैं। प्रथम चरण में उक्त जिलों की पंचायतों में वर्ष 2018 से चलाया जा रहा है तथा धीरे-धीरे यह कार्यक्रम सभी जिलों में आरम्भ किया जाएगा।
सचिव, राज्यपाल, राकेश कंवर एवं महासचिव राज्य रेडक्रॉस शिमला ने स्वयंसेवकों का आह्वान किया । उन्होंने कहा कि जलवायु में होने वाले बदलावों के कारण पर्यावरण पर नकारात्मक प्रभाव पड़ रहा है।जलवायु परिवर्तन को नियंत्रण करने और धरती पर स्वस्थ वातावरण बनाये रखने के लिए मानवीय गतिविधियों द्वारा होने वाले प्रभावों को नियंत्रित किए जाने की आवश्यकता है
इस प्रशिक्षण शिविर में विशेष रूप से आमंत्रित अदिति कपूर, सलाहकार, इंटरनेशनल फैडरेशन ऑफ रेडक्रॉस एवं रेड किसेंट, नई दिल्ली भाग ले रही हैं तथा वे प्रतिभागियों को जलवायु सम्बन्धित एकीकृत जाखिम प्रबन्धन दृष्टिकोण के सम्बन्ध में प्रशिक्षित करेंगी।
मौसम विज्ञान केन्द्र शिमला के वैज्ञानिक श्री मनीश रॉय ने मौसम के पूनर्वानुमान, किसानों का मौसम सम्बन्धी सही जानकारी, फसलों के परामर्श बारे व पौधों को संरक्षित करने बारे विस्तृत जानकारी दी।
मौसम विज्ञान केन्द्र शिमला के वैज्ञानिक मनीश रॉय, राज्य जलवायु परिवर्तन केन्द्र शिमला के वैज्ञानिक डॉ. प्रियंका शर्मा व कंचना राणा भी अन्य सहित इस अवसर पर उपस्थित थे।

