• Mon. Feb 2nd, 2026

उत्तराखण्ड में 21 फरवरी से 20 मार्च तक आयोजित होंगी बोर्ड की परीक्षा

ByJanwaqta Live

Jan 31, 2026

रामनगर,। उत्तराखंड विद्यालयी शिक्षा परिषद ने वर्ष 2026 की हाईस्कूल व इंटरमीडिएट बोर्ड परीक्षाओं की सभी तैयारियां पूर्ण कर ली हैं। बोर्ड परीक्षाएं आगामी 21 फरवरी से 20 मार्च 2026 तक एकल पाली में आयोजित की जाएंगी। इस वर्ष प्रदेश भर से कुल 2,16,109 परीक्षार्थी बोर्ड परीक्षा में शामिल होंगे। इनमें हाईस्कूल के 1,12,660 व इंटरमीडिएट के 1,03,449 छात्र-छात्राएं परीक्षा देंगे। बोर्ड परीक्षाओं के शांतिपूर्ण, निष्पक्ष और नकलविहीन संचालन को सुनिश्चित करने के उद्देश्य से शनिवार को परिषद मुख्यालय के सभागार में एक उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता उत्तराखंड विद्यालयी शिक्षा परिषद के सभापति एवं निदेशक माध्यमिक शिक्षा डॉ. मुकुल कुमार सती ने की। ।
बैठक में दोनों मंडलों के अपर निदेशक (माध्यमिक) प्रदेश के सभी जनपदों के मुख्य शिक्षा अधिकारी तथा संकलन केंद्रों के उप नियंत्रक उपस्थित रहे। इस वर्ष प्रदेश भर में कुल 1261 परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं। इनमें से 156 परीक्षा केंद्रों को संवेदनशील व 6 परीक्षा केंद्रों को अति-संवेदनशील श्रेणी में चिन्हित किया गया है। अधिकारियों ने बताया कि अति-संवेदनशील परीक्षा केंद्रों पर विशेष निगरानी व्यवस्था लागू की जाएगी, ताकि किसी भी प्रकार की नकल, अव्यवस्था या अनियमितता की संभावना को पूरी तरह रोका जा सके। परीक्षा सामग्री के सुरक्षित भंडारण और सुचारु वितरण के लिए 13 मुख्य संकलन केंद्र और 26 उप-संकलन केंद्र स्थापित किए गए हैं। परिषद सचिव विनोद कुमार सिमल्टी ने सभी मुख्य शिक्षा अधिकारियों को निर्देश दिए कि परीक्षाओं का संचालन पूरी गोपनीयता, सतर्कता और अनुशासन के साथ किया जाए। उन्होंने प्रश्नपत्रों की सुरक्षा, परीक्षा केंद्रों पर निगरानी और किसी भी स्तर पर लापरवाही न बरतने के सख्त निर्देश दिए।
परिषद सचिव विनोद कुमार सिमल्टी ने जानकारी देते हुए बताया कि सभापति की अध्यक्षता में परिषद मुख्यालय में सभी मुख्य शिक्षा अधिकारियों एवं उप नियंत्रकों के साथ परीक्षा को लेकर विस्तृत संवाद किया गया है। उन्होंने बताया कि बोर्ड परीक्षाएं 21 फरवरी से प्रारंभ होकर 20 मार्च तक चलेंगी, जबकि प्रयोगात्मक परीक्षाएं 16 जनवरी से 15 फरवरी तक आयोजित की जाएंगी। नकल रोकने के लिए जनपद स्तर पर सचल दलों और आंतरिक सचल दलों का गठन किया गया है।
इसके साथ ही जिला प्रशासन और पुलिस प्रशासन का भी पूरा सहयोग लिया जाएगा। परीक्षा केंद्रों पर मोबाइल फोन व अन्य इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों पर पूर्ण प्रतिबंध रहेगा। बैठक में अपर सचिव बीएमएस रावत, उप सचिव सुषमा गौरव, प्रभारी वित्त अधिकारी दिनेश चंद्र जोशी, शोध अधिकारी शैलेंद्र जोशी सहित कई वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे। परिषद ने स्पष्ट किया कि बोर्ड परीक्षाओं की पारदर्शिता और निष्पक्षता सर्वोच्च प्राथमिकता है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *