• Sun. Apr 19th, 2026

फोरलेन सड़क के निर्माण को शीघ्र पूरा करने के आदेश दिये जाएँ : रामसिंह

Byjanadmin

Dec 16, 2018


जनवक्ता डेस्क बिलासपुर
किरतपुर –नेरचौक फोरलेन विस्थापित समिति ने हिमाचल सरकार और मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर से आग्रह किया है कि पिछले अढ़ाई वर्षों से बंद पड़े फोरलेन सड़क के निर्माण को शीघ्र पूरा करने और संबन्धित क्षेत्रों के हजारों किसान परिवारों को निरंतर आ रही विभिन्न कठिनाईयों से छुटाकारा दिलाने के लिए राष्ट्रीय उच्च मार्ग़ प्राधिकरण को आवश्यक आदेश दिये जाएँ ।
समिति के अध्यक्ष रामसिंह सहित कोई एक दर्जन पदाधिकारियों व सदस्यों –मुख्य स्लाहकार जगत राम शर्मा , वित सचिव बालक राम शर्मा ,प्रचार सचिव रणवीर ठाकुर , सदा राम शर्मा, विजेंदर चंदेल , फतेहसिंह चंदेल ,ज्ञान चंद शर्मा , प्रेमलाल शर्मा , कृशनु राम , बंशी राम , सावित्री देवी आदि ने कहाकि 30 अक्तूबर को जिलाधीश कार्यालय में बचत भवन में मुख्यमंत्री के अतिरिक्त प्रधान सचिव संजय कुंडु कि अध्यक्षता में सबंधित पंचायतों के प्रधानों और समिति के मध्य एक बैठक का आयोजन किया गया था जिसमें “ एनएचएआई “ (नेशनल हाई वे आथौरिटी ऑफ इंडिया ) के एक अधिकारी भी उपस्थित थे । इस बैठक में समिति द्वारा उठाए गए मुद्दों पर कोई संतोष जनक उत्तर नहीं मिला बल्कि बहुत सारी कठिनाइयों और आपतियों को कानून व नियम तथा प्रोजेक्ट की डीपीआर के प्रावधानों का हवाला देकर टाल दिया गया और उनकी अधिकांश मांगे जैसे की तैसे निरंतर भारी परेशानी का कारण बनी हुई हैं ।
उन्होने कहाकि वे अपनी ज़िंदगी और गुजर –बसर बहुत आराम से अपनी पुस्तेनी भूमि और घरों में कर रहे थे ,किन्तु सरकार ने देश हित के नाम पर जबरदस्ती उनकी जमीन उंनसे छीन ली और अब उनकी समस्याओं और कठिनाइयों की ओर कोई ध्यान न देकर उनके उजड़ाव के गहरे जख्मों पर नमक छिड्कने का काम किया जा रहा है । उन्होने कहाकि कानून के अनुसार प्रत्येक विस्थापित के परिवार के एक सदस्य को सरकारी नौकरी प्रदान की जाये और उनकी भूमि का चार गुना मुवावजा दिया जाये ताकि वे भी अन्यों की तरह अपना सुखद जीवन जी सकें ।
समिति ने मांग की कि पिछले दो वर्षों से कामगारों के वेतन और गाड़ियों के किराये आदि का भुगतान करने और क्षेत्र में प्रोजेक्ट में लगे बड़े वाहनों के कारण टूट -फूट गई सभी सड़कों , रास्तों और पेयजल स्कीमों को तुरंत बहाल करने और धूल मिट्टी से राहत दिये जाने के लिए सड़क के निर्माण को समयावधि में पूरा करने के “ एनएचएआई “ को सख्त आदेश दिये जाएँ जबकि पूर्व में उनसे हुए समझोते को अक्षरश्य लागू किया जाये । समिति ने निर्णय लिया कि यदि उनकी मांगों कठिनाइयों और समस्याओं का तुरंत निराकरण नहीं किया गया तो समिति अदालत का दरवाजा खटखटाने पर विवश होगी, जिसका सारा उत्तरदायित्व हिमाचल सरकार और “ एनएचएआई “ पर होगा ।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *