
बिलासपुर
शून्य लागत प्राकृतिक खेती की आवश्यकता पर लागों को जागरूक करने के लिए आतमा परियोजना के द्वारा रानीकोटला में शिर का आयोजन किया गया जिसमें रानी कोटला के साथ लगती अन्य 9 पंचायतासें के 127 किसानों ने भाग लिया। शिविर की अध्यक्षता उपनिदेशक आतमा ने की। उन्होंने कहा कि आतमा परियोजना के तहत शून्य लागत प्राकृतिक खेती को धरातल पर उतारने के लिए प्रशिक्षण कार्यक्रमों को प्रारंभ किया गया है तथा कृषकों को अन्य स्थानों पर भ्रमण के लिए भी ले जाया जा रहा है ताकि किसान वहां पर इसके संदर्भ में और अधिक जानकारी ग्रहण कर सकें।
शिविर में कृषि उपनिदेशक डाॅ डीएस पंत ने भी विभाग द्वारा चलाई जा रही विभ्न्नि याजनाओं की जानकारी दी तथा कृषकों को विभागीय योजनाआों का लाभ लेने के लिए प्रेरित किया। प्रशिक्षण शिविर में सदर विकास खंड के विषयवाद् विशेषज्ञ डाॅ राजेन्द्र शर्मा के साथ बीटीएम रजनी व एटीएम ने भी शून्य लागत प्राकृतिक खेती की विभिन्न तकनीकी जानकारियां किसानों को मुहैया करवाई।
कार्यक्रम में यूको बैंक के लीड बैंक प्रबन्धक ने भी किसानों को बैकं के माध्यम से चलाई जा रही विभिन्न सरकारी योजनाओं के बारे में जानकारी दी। शिविर में उपस्थित कृषकांे को जीवामृत बनाने की विधि व इसके प्रयोग के बारे में भी जागरूक किया।
