कहा पुरानी पेंशन नीति को बहाल किया जाए
नई पेंशन नीति का पूरे जोर से किया विरोध
जनवक्ता ब्यूरो हमीरपुर
रविवार को उपायुक्त कार्यालय हमीरपुर परिसर में हमीरपुर संसदीय क्षेत्र के विभिन्न विभागों में कार्यरत अधिकारियों और कर्मचारियों ने एक दिवसीय उपवास व धरना प्रदर्शन का आयोजन किया। इस उपवास में लगभग 5000 लोगों ने भाग लिया। इस धरने का उद्देश्य पुरानी पेंशन नीति को बहाल कराना व नई पेंशन नीति का पूरे जोर से विरोध करना था । वक्ताओं का कहना था कि पेंशन नीति जो 2003 से लागू की गई है उसमें बहुत सी खामियां हैं और वह सरकारी क्षेत्र में कार्यरत कर्मचारियों के हित में नहीं है । रविवार को हुए इस धरना प्रदर्शन में नई पेंशन नीति कर्मचारी महासंघ की राज्य कार्यकारिणी से मुख्य प्रेस सचिव कुलदीप चंदेल, उपाध्यक्ष महेश कुमार, राज्य मुख्य संयोजक जगदेव चौहान, हमीरपुर कार्यकारिणी से जिला अध्यक्ष राकेश धीमान, उपाध्यक्ष दिनेश शर्मा, सचिव सोनिया नंदा, आनंद कुमार, राजन, अजय, राजेश, पवन शर्मा, अशोक कुमार, चंद्र मोहन, अजय चौधरी, व नरेश शर्मा के साथ 1900 के करीब लोगों ने जिला हमीरपुर से भाग लिया।

जिला बिलासपुर से जिला अध्यक्ष राजेंद्र कुमार, अध्यक्ष महिला विंग ममता भल्ला, महा सचिव मीना चंदेल, सचिव अंबिका पुंडीर के साथ 300 महिलाएं उपस्थित रही । बिलासपुर से जिला कार्यकारिणी के महासचिव अब्दुल रशीद, कोषाध्यक्ष सुरजीत कुमार, सदर खंड प्रधान शशि पाल शर्मा, महासचिव धर्मदास, कोषाध्यक्ष अजय, नंदलाल, वरिष्ठ उपाध्यक्ष सतपाल, अनिल कुमार, सुमन कुमार, भूपेंद्र, घुमारवीं खंड प्रधान खूब सिंह, राजीव, रणवीर, सुशील, महेंद्र, दिनेश, पवन, बलदेव, राजकुमार, दिलबर, राजीव, रजनीश, सतीश, अशोक, खंड झंडुत्ता के प्रधान राकेश धीमान, महासचिव केशव बंसल, कोषाध्यक्ष रोशन लाल, संजय शर्मा ,परमेश्वर लाल ,राजेश्वर, आदर्श गौतम, अशोक, मदनलाल, दीपक ठाकुर, अवनीश, सतीश, महाजन, विनय गौतम, खंड स्वारघाट से महासचिव विजय शर्मा, सचिव चुन्नीलाल, भूपेंद्र ठाकुर के साथ बिलासपुर जिला से प्राथमिक शिक्षक संघ के पूर्व जिला अध्यक्ष रणजीत ठाकुर के साथ वर्तमान प्रधान खंड झंडुत्ता कश्मीर सिंह, खंड सदर बलदेव ठाकुर एवं खंड स्वारघाट से रणजीत ठाकुर, राजपत्रित कर्मचारी संघ बिलासपुर के प्रधान इंदर सिंह ठाकुर के साथ लगभग 2300 कर्मचारियों और अधिकारियों ने अपनी उपस्थिति दर्ज करवाई

प्रदेश स्कूल प्रवक्ता संघ के अध्यक्ष नरेश ठाकुर , संघ के खंड प्रधान घुमारवीं कश्मीर चंद शर्मा, हिमाचल प्रदेश राजकीय अध्यापक संघ के राज्य अध्यक्ष वीरेंद्र चौहान, महासचिव हमीरपुर यशवीर राणावत, डॉ सुरेश कुमार, सुरेश चंदेल, संजीव ठाकुर, मुकेश शर्मा, जिला उना से प्रधान कमल चौधरी, महासचिव हरीश पुष्करणा, उपाध्यक्ष पवन शर्मा, कोषाध्यक्ष धीरज सैनी, खंड प्रधान विजय कुमार इंदोरिया, तेजेंद्र, उमेश, विक्रम, गुरबख्श सहित 800 लोगों ने भाग लिया। इसके अलावा हमीरपुर संसदीय क्षेत्र में शामिल जिला मंडी के धर्मपुर खंड से प्रधान नरेंद्र राणा, उपप्रधान देशराज राही, महासचिव यशपाल, मुख्य सलाहकार रंगीला राम ने ग्राम सहित लगभग 600 लोगों ने भाग लिया। वहीं जिला कांगड़ा से खंड प्रधान रक्कड़ तिलक राज शास्त्री, जीवानंद तथा कार्यकारिणी के अन्य सदस्यों सहित लगभग 300 अधिकारियों व कर्मचारियों ने भाग लिया। इस कार्यक्रम के मुख्य वक्ताओं में कुलदीप चंदेल, ममता भल्ला, खूब सिंह, रतन लाल, सुरेश शर्मा, मीना चंदेल, रणजीत ठाकुर, विनय गौतम आदि शामिल रहे बिलासपुर के जावेद इकबाल ने न केवल बखूबी मंच संचालन किया बल्कि गीत के माध्यम से कर्मचारियों व अधिकारियों की पीड़ा को उजागर किया।

पूर्व मुख्यमंत्री प्रेम कुमार धूमल को ज्ञापन सौंपा
नई पेंशन कर्मचारी संघ ने नई पेंशन नीति के विरोध में पूर्व मुख्यमंत्री प्रेम कुमार धूमल को ज्ञापन सौंपा जिसमें पुरानी पेंशन नीति को बहाल करने की मांग की गई है। इस धरना प्रदर्शन में नई पेंशन कर्मचारी संघ के साथ-साथ प्रदेश राज्य अराजपत्रित कर्मचारी महासंघ, प्रदेश राजकीय अध्यापक संघ, प्रदेश प्राथमिक शिक्षक संघ, प्रदेश प्रवक्ता संघ, बहुउद्देशीय स्वास्थ्य कर्मचारी महासंघ, प्रदेश स्वास्थ्य कर्मचारी महासंघ, पंप ऑपरेटर संघ, राज्य विद्युत कर्मचारी महासंघ के साथ अन्य संगठनों ने भी भाग लिया। पूर्व मुख्यमंत्री प्रेम कुमार धूमल ने कहा कि यह मांग उचित है और इसे व्यक्तिगत तौर पर सरकार से उठाएंगे और संगठनात्मक दृष्टि से भी इस मांग की पैरवी करने का उन्होंने आश्वासन दिया । उन्होंने कहा कि इसे वह केंद्र और प्रदेश सरकार को प्रेषित करेंगे। उन्होंने यह भी कहा कि इस मांग के बारे में वह सांसद अनुराग ठाकुर से भी चर्चा करेंगे ताकि वह भी इस मांग को प्रदेश व केंद्र सरकार के सम्मुख लिखित रूप से उठा सके।
व्यस्तताओं के चलते नहीं आ पाए अनुराग ठाकुर
इस कार्यक्रम में अनुराग ठाकुर ने भी समस्या सुनने का आश्वासन दिया था लेकिन व्यस्तताओं के चलते वह किसी कारणवश इस कार्यक्रम में उपस्थित नहीं हो पाए।

